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अभाना से दमोह तक फिर 30 मीटर चौड़ी सड़क बनेगी : टेंडर निरस्त करके 40 की जगह 80 किमी का नया टेंडर स्वीकृत करने के लिए मंत्रालय के पास भेजा

Jankranti Express

Wed, Sep 3, 2025

दमोह-जबलपुर मार्ग के बीच दमोह से जबेरा के बीच 40 किमी लंबी सड़क का जारी किया गया टेंडर निरस्त कर दिया है। लगभग 100 किमी लंबी सड़क पहले तीन हिस्सों में बनने थी, लेकिन अब टेंडर निरस्त करने के बाद एनएचएआई तीन की जगह एक ही एजेंसी से पूरा काम कराने वाली है। इसलिए उसने टेंडर निरस्त करके 40 की जगह 80 किमी का नया टेंडर स्वीकृत करने के लिए मंत्रालय के पास भेजा है। लेकिन अभी स्वीकृति नहीं आई है। इसमें अभी 3 माह से ज्यादा का समय लग सकता है। ऐसी स्थिति में लोगों को अभी जर्जर सड़क से राहत नहीं मिलेगी।

100 किमी में से वन विभाग के हिस्से में 20 किमी सड़क भी आ रही है। इसका डीपीआरऔर डिजाइन अभीक तैयार नहीं हो पाया है, और इसकी वजह है रानी दुर्गावती अभयारण्य क्षेत्र का कोर एरिया। एनएचएआई ने इसकी एनओसी के लिए वन विभाग से अनुमति मांगी है,

दमोह: लेकिन एनओसी देने से पहले विभाग सड़क किनारे लगे पेड़ों की गिनती कर रहा है। रिपोर्ट मिलने के बाद इसे स्टेट वाइल्ड लाइफ बोर्ड और नेशनल वाइल्ड लाइफ बोर्ड भेजा जाएगा। वहां से स्वीकृति मिलने पर केंद्रीय वन मंत्रालय से एनओसी मिलेगी। तब कहीं जाकर इस हिस्से पर सड़क बनाने को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी और ऐसा होने में दो से ढ़ाई साल का समय लगेगा। अभयारण्य में ओवरब्रिज या सड़क बनेगी, अभी तय नहीं है।

इस क्षेत्र में वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट की एक एजेंसी पिछले 20 दिनों से सर्वे कर रही है। यह टीम छह माह तक बारिश, गर्मी और सर्दी के मौसम में निरीक्षण करेगी। इसके बाद तय होगा कि यहां ओवरब्रिज बनेगा या सामान्य सड़क। इसमें भी 20 किमी में से 6 किमी सड़क कोर एरिया में आती है। इसलिए इसका सर्वे बारीकी से चल रहा है। वन विभाग के क्षेत्र में एनएचएआई 10 मीटर की जगह 30 मीटर चौड़ी सड़क बनाना चाहता है ताकि भविष्य में दोबारा एनओसी की जरूरत न हो।

पहले कटंगी से जबलपुर की सड़क बनना थी, लेकिन टेंडर निरस्त कर दिया

इससे पहले एनएचएआई ने 40 किमी - सड़क निर्माण का टेंडर जारी किया था। यह सड़क दमोह जबेरा के बीच में बननी, - इसके बाद 20 किमी का वन विभाग का हिस्सा छोड़कर कटंगी से जबलपुर के बीच में 40 किमी की सड़क बनने थी, इसमें से दमोह से जबेरा के बीच 40 किमी की सड़क बनाने का टेंडर जारी कर दिया था। मगर अब उसे निरस्त कर दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार इस बार


अलग-अलग हिस्सों में काम नहीं बंटेगा, बल्कि एक ही एजेंसी को पूरा ठेका दिया जाएगा, ताकि एक एजेंसी काम करे और सड़क की क्वालिटी और मेंटेनेंस में दिक्कत न हो। हालांकि खास बात यह है कि नई डिजाइनऔर ड्राइंग में दो टुकड़ों में बनने वाली इस सड़क की चौड़ाई भी अब अलग-अलग होगी। जबलपुर से कटंगी तक


सड़क 30 मीटर चौड़ी फोर लेन बनेगी। कटंगी से अभाना तक यह सिर्फ 10 मीटर


चौड़ी होगी। वहीं अभाना से दमोह तक फिर 30 मीटर चौड़ी सड़क बनेगी। बता दें कि दमोह-जबलपुर राष्ट्रीय राजमार्ग 335 करोड़ की लागत से बनेगा। इसका भूमिपूजन 23 जनवरी 2023 को केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने किया था। इसमें जिले के लिए चार बायपास शामिल किए हैं। जिसमें अभाना-जबेरा बायपास, अभाना बायपास, नोहटा बायपास और दमोह बायपास शामिल होगा।

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Madhya Pradesh

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